
कुआलालंपुर। मलेशिया के एक फिल्म समीक्षक ने कहा है कि हिन्दी सिनेमा भूतनाथ बच्चों की फिल्म होने के बावजूद समाज को एक ठोस नैतिक संदेश देती है और बच्चों को यही बताती है कि जिन्हें वे भूत समझते हैं वे भूत नहीं, बल्कि देवदूत होते हैं।
न्यू स्ट्रेट्स टाइम्स में फिल्म समीक्षक के. एन. विजयन ने कहा कि अमिताभ बच्चन और शाहरुख खान अभिनीत इस फिल्म में भूत की कहानी है। विजयन ने कहा कि इस फिल्म में किसी की भी हत्या नहीं होती है जबकि यह फिल्म भूत पर आधारित है। उन्होंने कहा कि इसमें तो मनोरंजन है और यह फिल्म पिता-माता-पुत्र की भावनाओं को उभारने में सक्षम है।
विजयन के मुताबिक इस फिल्म में अमिताभ और शाहरुख के किए गए काम में अंतर है पर दोनों फिल्म में जान डालने वाले कलाकार हैं।