
नई दिल्ली। परिंदा, कर्मा और बॉर्डर जैसी फिल्मों में भावपूर्ण अभिनय करने वाले जैकी श्रॉफ का मानना है कि मौजूदा समय में बॉलीवुड फिल्मों में भारतीयता का पुट गायब होता जा रहा है।
परिंदा में सशक्त अभिनय के लिए वर्ष 1998 में फिल्म फेयर पुरस्कार पा चुके श्रॉफ ने बताया कि भारतीय मूल्यों पर आधारित मन को छू लेने वाली फिल्में बॉलीवुड के पर्दे से नदारद है। अपनी फिल्म किसान के प्रोमोशन के लिए दिल्ली आए श्रॉफ ने बताया कि बॉलीवुड में ऐसी पारिवारिक और भावनात्मक फिल्में कम बन रही हैं जिसमें भारतीयता का पुट हो। बॉलीवुड में 26 वर्ष पूरे करने के साथ 150 फिल्मों में काम कर चुके श्रॉफ ने कहा कि बॉलीवुड फिल्मों में काफी बदलाव आ चुका है। श्रॉफ आगे कहते है कि मेरी कुछ फिल्में लगातार 25 सप्ताह तक सफलतापूर्वक सिनेमाघरों में बनी रही, लेकिन आज की फिल्मों को पहले तीन दिन की सफलता पर हिट करार दे दिया जाता है।
श्रॉफ बताते है कि फिल्मों में जूनून गायब है। जिंदगी काफी व्यस्त हो गई है और कोई रुक कर सोचना नहीं चाहता। ऐसे में फिल्मों का स्तर गिर रहा है या सुधर रहा है भगवान जाने, लेकिन आज फिल्म बनाना व्यापार हो गया है। फिल्मों की गुणवत्ता की बजाय फिल्मकारों का मुख्य काम पैसा कमाना हो गया है।