
नई दिल्ली। लोकप्रिय गायिका आशा भोंसले का कहना है कि प्रसिद्ध संगीतकार राहुल देव बर्मन (पंचम) जानते थे कि कैसे किसी के अंदर छुपे कलाकार को सहज ढंग से बाहर लाया जा सकता है।
आशा ने कहा, मुझे पंचम के सभी गीतों से प्यार है। उनमें यह कला थी कि वह किसी से भी सहज तरीके से बेहतर काम करवा लेते थे। वह जानते थे कि मैं किस प्रकार अच्छे सुर में गा सकती हूं।
आशा ने कहा, कई बार मैंने पंचम से कहा था कि मैं सुबह गीत नहीं गा सकूंगी क्योंकि मैं खुद को सहज नहीं महसूस करती लेकिन वह कहते थे तुम इत्मीनान से गाओ। वह सबसे अच्छी रिकार्डिग करते थे।
आशा ने कहा कि बॉलीवुड में आज के दौर में भी एक से बढ़कर एक गीतकार और संगीतकार हैं। उन्होंने इस श्रेणी में गुलजार और समीर का नाम लिया।