कौन बनेगी गाइड की रोजी

कौन बनेगी गाइड की रोजी

तमाम पुरानी क्लासिक फिल्मों को दोबारा बनाने की प्रक्रिया जारी है। अब जिस पुरानी फिल्म को दोबारा बनाने की चर्चा है, वह है देव आनंद की सदाबहार फिल्म गाइड। इसकी रिमेक की बात के साथ जो अहम बात उठी है और जो किसी भी निर्माता के लिए मुश्किल पैदा कर सकती है, वह है फिल्म की अहम चरित्र रोजी, जिसे गाइड में जिया था वहीदा रहमान ने। फिल्म में वहीदा रहमान ने इस रोल को कुछ इस तरह निभाया था कि वे पर्दे पर कहानी की चरित्र रोजी के रूप में ही लोगों को दिखीं। जाहिर है, इस रोल को निभाना आज की हीरोइनों के लिए आसान बात नहीं होगी!

रिमेक क्यों?

इससे यह ज्ञात होता है कि हिंदी फिल्मों में कहानियों का अकाल है। इस बात को जब-तब कहानीकार-लेखक महसूस भी करते हैं, लेकिन कोई नया सोचने को तैयार नहीं है। इस बारे में बात होती है आजा नचले के निर्देशक अनिल मेहता से। वे कहते हैं, सच यही है कि निर्माता को तो काम चाहिए ही और वे फिल्म बनाने का काम अब आननफानन में करना चाहते हैं। ऐसी स्थिति में यदि वे कोई नई कहानी लेते हैं, तो उन्हें रिस्क भी उठाना होता है। क्या पता कि ऐसी कहानी लोग पसंद करें या न करें!

हिट कहानी के फायदे

जितनी भी रिमेक फिल्में बनीं हैं, सभी किसी न किसी हिट फिल्म की ही हैं। फिल्ममेकर ऐसी कहानी रिमेक के लिए कभी नहीं उठाते, जो लोगों द्वारा पसंद भले ही की गई हों, लेकिन वे हिट न हुई हों! इस बारे में बात होती है हालिया रिलीज फिल्म लेट्स डांस के निर्देशक आरिफ शेख से। वे इस बात को स्वीकारते हैं, लेकिन साथ ही यह भी कहते हैं, हिट फिल्मों की रिमेक के बारे में निर्माता चर्चा पाने के लिए नाम लेते हैं, लेकिन असफल फिल्म की रिमेक करने के बाद उसका नाम नहीं लेते। ऐसा इसलिए, क्योंकि ऐसा करने से लोग उनकी फिल्म में रुचि नहीं लेंगे। वे आगे कहते हैं, निर्माता नई कहानी की बजाए यदि पुरानी सफल और क्लासिक फिल्म को रिमेक करते हैं, तो सारी चीजें उन्हें फार्मेट में मिल जाती हैं। ऐसी कहानी को चर्चा में लाने के लिए उन्हें न तो ज्यादा प्रचार करने की जरूरत होती है और न ही उसके बारे में किसी को विशेष तौर पर बताना होता है। ऐसी कहानी को यदि निर्माता ने चर्चित कलाकारों को लेकर शुरू किया, तो रिलीज करने तक की परेशानी लगभग खत्म हो जाती है। किसी सफल फिल्म की रिमेक से जुड़े सभी लोगों को फायदा ही होता है।

कौन बनेगी रोजी?

फिल्म गाइड में रोजी का चरित्र ऐसा था, जिसे सही मायने में फिल्म का केंद्रीय पात्र कहा जा सकता है। भले फिल्म के हीरो थे देव आनंद, जो तब फिल्मी दुनिया में आनंद के देव कहलाते थे, लेकिन रोल के हिसाब से देखें, तो रोजी फिल्म में राजू गाइड से कहीं ज्यादा फलक पर विराजमान है। इस बारे में बात होती है निर्देशक प्रसून सिन्हा से। वे कहते हैं, रोजी फिल्म गाइड का ऐसा चरित्र है, जिसकी संवेदना, शालीनता, गंभीरता, चालाकी और डांस ने दर्शकों के दिल में अपनी खास जगह बनाई थी। बावजूद इसके वह अंत में खाली रह गई। उसके हाथ कुछ नहीं आया। जाहिर है ऐसे रोल को करने के लिए आज की हीरोइनों में से किसी को ढूंढना मुश्किल काम है। खासकर रोजी के चरित्र को देखते हुए यह बताना दुष्कर काम है कि आज की फलां हीरोइन उस रोल को सही-सही कर लेगी। एक ऐश्वर्या राय ही हैं, जो सही तरह से डांस कर लेती हैं। उनकी भाव-भंगिमा और कदकाठी उन्हें रोजी के करीब तक लाती है। शेष हीरोइनों में वहीदा जी जैसी डांसिंग स्किल तो नहीं ही है, उनमें रोजी की अदाएं ढूंढना भी सही नहीं।

क्या कहते हैं ये

बात होती है कुछ और निर्देशकों से भी कि यदि वे गाइड बनाएं, तो रोजी की भूमिका के लिए किस हीरोइन को चुनेंगे? इस बारे में तमाम अच्छी फिल्में बना चुके रवि चोपड़ा कहते हैं, यहां मैं एक बात कहना चाहूंगा कि आज यदि यह फिल्म रिमेक होती है, तो कोई न कोई हीरोइन तो रोजी का रोल करेगी ही। संभव है कि मेकर उसी हीरोइन को देखते हुए रोजी का चरित्र गढ़े, लेकिन वहीदा जी जैसी अभिनय क्षमता की बात यदि आज की हीरोइनों को लेकर हो, तो यह सही नहीं होगा। तिग्मांशू धूलिया इस बारे में कहते हैं, मैं ऐसी फिल्म नहीं बना सकता। वे आगे कहते हैं, यदि चुनना ही पड़े, तो मैं सबसे पहले ऐश्वर्या राय को चुनूंगा। उसके बाद प्रियंका चोपड़ा को इसके लिए चुन सकता हूं। दीपक तिजोरी ने तो साफ-साफ कहा, मैं उस क्लासिक फिल्म को बनाने की जुर्रत नहीं कर सकता। इस बारे में प्रकाश झा कहते हैं, मैं जैसी फिल्में बनाता हूं, उसके बारे में सभी जानते हैं। मैं गाइड को अच्छी फिल्म मानता हूं। हम सबने उसे देखा है और आनंद उठाया है, लेकिन हम उसके बारे में बात क्यों करें, जिसमें हमारा कोई इंटरेस्ट न हो!

कहा वहीदा रहमान ने माधुरी फिट हैं

फिल्म गाइड में रोजी के चरित्र को खूबसूरती से जीने वाली अभिनेत्री वहीदा रहमान ने इस बारे में कहा, इस फिल्म से जुड़ी तमाम बातें मुझे आज भी याद हैं। जाहिर है, जब गाइड बनेगी, तो पुरानी गाइड से उसकी तुलना होगी ही। मुझे नहीं लगता कि आज की गाइड उस गाइड जैसी सफल और लोगों द्वारा पसंद की जाएगी और आज की फिल्म उस जैसी बन सकती है! हालांकि जब वह फिल्म आई थी, तब के माहौल और आज के माहौल में अंतर है। हो सकता है कि रिमेक हिट भी हो जाए, लेकिन गाइड ने जो मुकाम हासिल किया था, वह मुकाम मिलना तो मुश्किल ही है। रोजी कौन बनेगी? इस बारे में वे कहती हैं, मैं आज की हीरोइनों में से ज्यादा को नहीं जानती और जब जानती नहीं, तो उनका आकलन कैसे कर सकती हूं? हां, मैं इतना जरूर कह सकती हूं कि इस रोल के साथ माधुरी दीक्षित न्याय कर सकती हैं। वे प्रतिभाशाली होने के साथ ही डांस में भी बेस्ट हैं। वे अब काम नहीं कर रही हैं, लेकिन करें, तो वे जरूर रोजी के रूप में पसंद की जाएंगी। गाइड फिल्म की यादें जानने की बात हुई, तो उन्होंने कहा, जब यह फिल्म पूरी हुई थी और ट्रायल शो हुआ, तो देखने के बाद देव साहब जलने लगे थे। ऐसा इसलिए, क्योंकि फिल्म देखने के बाद सभी मेरी तारीफ कर रहे थे। उन्हें कोई कुछ नहीं कह रहा था। कुछ दिनों बाद एक दिन देव साहब ने फोन किया और कहा कि मैं आपसे नाराज हूं। वजह पूछने पर उन्होंने कहा कि फिल्म देखने के बाद सभी आपकी तारीफ कर रहे थे और मेरी कोई नहीं। बाद में उन्होंने कहा था कि मैं मजाक में ऐसी बातें कर रहा था, लेकिन मैं सचमुच उनकी बातें सुनकर तब डर गई थी।

-रतन

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