
नई दिल्ली। महाराष्ट्र में उत्तर भारतीयों पर हाल में हुए हमलों पर बनी विवादास्पद हिंदी फिल्म को शुक्रवार को राज्य में रिलीज की अनुमति देते हुए सुप्रीमकोर्ट ने फिल्म पर रोक संबंधी राज्य सरकार की याचिका खारिज कर दी। न्यायमूर्ति एस. बी. सिन्हा और न्यायमूर्ति एम. के. शर्मा ने सालिसिटर जनरल जी. ई. वाहनवती की इस दलील को कोई तवज्जो नहीं दी कि फिल्म के प्रदर्शन से राज्य में कानून और व्यवस्था की कोई समस्या होगी। राज्य सरकार द्वारा फिल्म के प्रदर्शन पर लगी रोक के आधार को असंगत मानते हुए बंबई हाईकोर्ट ने फिल्म के प्रदर्शन की अनुमति दे दी थी जिसके बाद महाराष्ट्र सरकार ने कल सुप्रीमकोर्ट में दस्तक दी थी। राज्य सरकार ने आगामी चुनावों के मद्देनजर महाराष्ट्वासी और गैर महाराष्ट्रवासी लोगों के बीच हिंसा का अंदेशा जताया था। फिल्म के प्रदर्शन पर रोक से संबंधित याचिका पर सुप्रीमकोर्ट ने शुक्रवार को अत्यावश्यक सुनवाई का निर्णय किया। बंबई हाईकोर्ट ने नौ जनवरी को कमाल आर खान निर्देशित और निर्मित फिल्म देशद्रोही के प्रदर्शन के निलंबन से संबंधित राज्य सरकार के दो आदेशों को खारिज कर दिया था। पिछले साल 12 नवंबर को महाराष्ट्र में फिल्म को प्रतिबंधित कर दिया गया था, जबकि देश के शेष भागों में यह रिलीज हुई थी। हालांकि कोर्ट द्वारा इसकी समीक्षा के लिए कहे जाने के बाद भी सरकार ने अपना निर्णय नहीं बदला था।