
जेनेवा। भारत ने विश्व व्यापार संगठन [डब्ल्यूटीओ] से दोहा दौर की व्यापार वार्ता में सात देशों के कोर ग्रुप का विस्तार करने की मांग की है। संगठन के सदस्य देशों की मंत्रिस्तरीय बैठक में हिस्सा लेने यहां आए वाणिज्य व उद्योग मंत्री कमलनाथ ने कहा कि हम दुनिया के सभी देशों का प्रतिनिधित्व नहीं करते हैं। इसलिए इसके विस्तार की खातिर पारदर्शी प्रक्रिया अपनाई जानी चाहिए।
विभिन्न मुद्दों पर वैचारिक गतिरोध दूर करने के लिए डब्ल्यूटीओ के मुखिया पास्कल लामी द्वारा बनाए गए कोर ग्रुप में भारत के अलावा ब्राजील,अमेरिका,यूरोपीय संघ,चीन,आस्ट्रेलिया और जापान शामिल हैं। अनेक देशों ने खुद को इस कोर ग्रुप से बाहर रखने पर आपत्ति जताई है। इससे पहले दिन में स्विटजरलैंड, कीनिया, इंडोनेशिया, तुर्की, मिस्त्र ने कोर ग्रुप के फारमेट पर हताशा व्यक्त की थी। डब्ल्यूटीओ की यह बैठक दोहा दौर की वार्ता का गतिरोध खत्म करने के मकसद से बुलाई गई है। कृषि सब्सिडी तथा औद्योगिक शुल्क दरों के मुद्दे पर विकसित तथा विकासशील देशों के बीच पैदा हुए मतभेद के चलते वर्ष 2001 से यह वार्ता अटकी पड़ी है।