
नई दिल्ली, जागरण ब्यूरो। देश की दूसरी सबसे बड़ी कार कंपनी हुंडई मोटर ने प्रवासी भारतीयों में प्रतिभा खोजने का अभियान शुरू किया है। दरअसल, हुंडई ने अपने भारतीय प्लांट के लिए बड़ी संख्या में कर्मचारियों को भर्ती करने का फैसला किया है। इस बार कंपनी विदेशों से ज्यादा कर्मचारियों को भारत लाना चाहती है। इस सिलसिले में हाल ही में कंपनी ने कई अंतरराष्ट्रीय समाचार पत्रों में विज्ञापन भी निकाले हैं।
हुंडई का कहना है कि उसे बेहतर श्रम शक्ति की तलाश में विदेशों में खोज अभियान शुरू करना पड़ रहा है। कंपनी खास तौर पर प्रवासी भारतीयों [एनआरआई] या रोजगार के तलाश में विदेश गए भारतीयों को आकर्षित करने की कोशिश कर रही है। कंपनी ऐसे भारतीयों को फिर से अपने देश में लौटने और बेहद प्रतिस्पर्द्धी व काफी तेजी से पनप रहे वातावरण में काम करने का मौका देना चाहेगी।
हुंडई मोटर इंडिया के सीनियर वाइस प्रेसीडेंट अरविंद सक्सेना का कहना है कि कंपनी ने हमेशा से ही सबसे बेहतर प्रतिभा के साथ काम करना पसंद किया है। इसके लिए भारत की सीमा से बाहर जा कर बेहतरीन लोगों को लाने से भी परहेज नहीं है। यह प्रस्ताव प्रंवासी भारतीयों के साथ ही हुंडई के लिए भी बहुत उपयुक्त है। सक्सेना ने बताया कि एक तो प्रवासी भारतीयों को अपने देश लौटने का मौका मिलेगा, जबकि हुंडई को अंतरराष्ट्रीय अनुंभव वाले कर्मचारी मिल सकेंगे।