
कान। तड़क-भड़क और बॉलीवुड के स्टार चेहरों की गैरमौजूदगी के बावजूद कम बजट की लीक से हटकर बनी फिल्में कान फिल्म समारोह में लोगों का ध्यान खींच रही हैं। आईड्रीम इंडिपेंडेंट पिक्चर्स और हैंडमेड फिल्म्स जैसी कंपनियां इससे उत्साहित हैं।
इन कंपनियों की योजना अपनी समानांतर और उम्दा फिल्मों की वृहत स्तर पर बिक्री की योजना है। उनकी नजर वैश्रि्वक ग्राहकों के बीच उनके जैसे उत्पादों की निरंतर बढ़ रही मांग पर है। आईड्रीम इंडिपेंडेंट पिक्चर्स के अंतरराष्ट्रीय बिक्री प्रमुख रोहित शर्मा कहते हैं कि हम बॉलीवुड की धांसू फिल्मों में नहीं आते। जो फिल्में हम यहां बाजार में बेच रहे हैं, वे पूरी तरह से मुख्य धारा से अलग हैं। रजनीश दोमालपल्ली की वैनाजा का उदाहरण देते हुए शर्मा ने कहा कि वैश्रि्वक स्तर पर इन फिल्मों में गजब की संभावना है। हैंडमेड फिल्म्स के सुनील दोषी कान के लिए अपरंपरागत फिल्मों का नया गुच्छा लेकर आए हैं। उनका प्रोडक्शन हाउस मिक्स डबल्स और भेजा फ्राई जैसी चर्चित फिल्मों से जुड़ा रहा है। कान समारोह के लिए उनके पास मौजूद फिल्मों में 45 मिनट की डाक्यूमेंटरी बिवर डोग्स भी है। उन्होंने कहा कि हम इस फिल्म के केवल टेलीविजन और होम वीडियो अधिकार बेचेंगे। प्रोडक्शन कंपनियां ही नहीं स्वतंत्र फिल्मनिर्माता भी कान में अपनी मौजूदगी का अहसास कराने में लगे हैं। वरिष्ठ निर्देशक केतन मेहता यहां अपनी नई फिल्म रंग रसिया के प्रमोशन के लिए पहुंचे हैं। कान फिल्म समारोह में नियमित रूप से अपनी मौजूदगी दर्ज कराने वाले जगमोहन मूंदड़ा इस साल शूट आन साइट लेकर आए हैं। यह फिल्म स्काटलैंड यार्ड के एक मुस्लिम अफसर की कहानी है जिसमें मुख्य भूमिका नसीरुद्दीन शाह ने निभाई है।