
यंगून। म्यांमार में आंग सान सू की की पार्टी ने शनिवार को जुंटा के इस दावे को खारिज कर दिया कि पिछले हफ्ते हुए जनमतसंग्रह के पहले दौर में सेना समर्थित संविधान को 92 फीसदी से अधिक मतदाताओें ने मंजूरी दी।
विपक्षी नेशनल लीग फार डेमोक्रेसी के प्रवक्ता न्यान विन ने कहा कि परिणाम पूरी तरह गलत हैं। उसने कहा कि लोगों को पक्ष में मतदान के लिए बाध्य किया गया। गुप्त मतदान की अनुमति नहीं दी गई। म्यांमार में आए विनाशकारी तूफान के कारण हुई तबाही के बावजूद जुंटा ने 10 मई को जनमत संग्रह कराया था। जुंटा का कहना था कि यह जनमत संग्रह दो साल में लोकतांत्रिक चुनाव का मार्ग प्रशस्त करेगा। विन ने यह भी कहा कि सरकार को 24 मई को दूसरे दौर के मतदान तक नतीजे घोषित नहीं करने चाहिए थे।
उल्लेखनीय है कि म्यांमार में 1990 में चुनाव हुए थे, लेकिन सू की की पार्टी की भारी जीत के बावजूद उसे शासन नहीं करने दिया गया।