
वाशिंगटन। अमेरिका का कहना है कि अगर उत्तरी कोरिया अपना परमाणु कार्यक्रम त्यागने के प्रति गंभीर है तो अमेरिका को अपना दूत प्योंगयांग भेजने में कोई आपत्ति नहीं है।
अमेरिकी राष्ट्रपति बराक ओबामा के पूर्वी एशिया मामलों के एक शीर्ष सलाहकार जेफ बैडर ने कहा है कि अमेरिका चाहता है कि उत्तर कोरिया परमाणु निरस्त्रीकरण के लिए होने वाली छह पक्षीय वार्ता के लिए अपनी प्रतिबद्धता का सबूत दे। इस छह पक्षीय वार्ता में उत्तार और दक्षिण कोरिया के अलावा चीन, अमेरिका जापान और रूस शामिल होंगे।
उन्होंने शुक्रवार को कहा, 'अगर उत्तार कोरिया परमाणु निरस्त्रीकरण के प्रति अपनी गंभीरता दिखाए तो प्योंगयांग में या अन्य कहीं भी द्विपक्षीय वार्ता से हमें कोई आपत्ति नहीं है।'
बैडर ने कहा, 'हमारी दिलचस्पी नतीजे में है, न कि प्रक्रिया में।' दक्षिण कोरिया के अखबार 'हैंकयोरेह' और जापान के अखबार 'योमिउरी शिमबन' में अज्ञात सूत्रों के हवाले से कहा गया है कि अमेरिका के विशेष प्रतिनिधि स्टीफन बोसवर्द नवंबर के अंत में प्योंगयांग जाने के लिए सहमत हो गए हैं। जबकि बैडर ने ऐसे किसी भी फैसले से इनकार किया है।