
काबुल। अफगानिस्तान में जारी हिंसा में 33 लोगों की मौत हो गई है। इनमें से 22 आम नागरिक थे, एक सासद था और 10 तालिबान लड़ाके थे।
सांसद को जहां बंदूकधारियों ने मार डाला, वहीं नागरिक अमेरिकी सेना के हेलीकाप्टरों द्वारा की गई बमबारी में मारे गए। तालिबान लड़ाके बम विस्फोट में मर गए। ये बम उन्होंने ही लगाए थे, जो समय से पहले फट गए।
नूरिस्तान प्रांत से खबर मिली है कि अमेरिकी सेना के हेलीकाप्टरों द्वारा दो वाहनों पर की गई बमबारी में 22 नागरिक मारे गए। मरने वालों में एक महिला और बच्चा भी शामिल है। हालांकि अमेरिका के नेतृत्व वाली गठबंधन सेना के प्रवक्ता ने दावा किया है कि मरने वाले सभी लोग तालिबान लड़ाके थे। सेना के प्रवक्ता ने कहा कि इन लोगों ने घटना से पहले नूरिस्तान प्रांत स्थित अमेरिकी आधार शिविर पर मोर्टार से हमला किया था।
अमेरिकी हेलीकाप्टरों ने विद्रोहियों के ठिकाने की पहचान करने के बाद उन्हें ले जा रहे दो वाहन नष्ट कर दिए। लेकिन, प्रांत के गवर्नर तमीम नूरिस्तानी ने कहा कि शुक्रवार दोपहर को हुई इस घटना में सेना के हेलीकाप्टरों ने दो नागरिक वाहनों पर बम बरसाए। मरने वाले 22 लोगों में एक महिला और बच्चा भी शामिल है। गवर्नर के अनुसार इस घटना में सात लोग घायल भी हुए हैं।
उधर, कंधार में शुक्रवार को बंदूकधारियों ने संसद सदस्य और पूर्व सैन्य कमांडर हबीबुल्ला जान की हत्या कर दी। कंधार प्रांतीय परिषद के सदस्य बिस्मिल्ला अफगान गुल ने बताया कि सांसद की हत्या तब की गई जब वह प्रांत के जहारी जिले में स्थित अफगान सेना परिसर का दौरा करके लौट रहे थे। इस बीच हेलमंद प्रांत में आतंकियों द्वारा लगाए जा रहे बम के समय से पहले फटने से 10 तालिबान आतंकी मारे गए।