
कोलंबो। सेना के साथ संघर्ष में मारे जा चुके लिट्टे प्रमुख वेलुपिल्लई प्रभाकरण के पिता [थिरूवेक्कदम वेलुपिल्लई] श्रीलंकाई सरकार में एक क्लर्क के रूप में अपना कैरियर शुरू किया था और उन्होंने 39 साल तक सरकारी नौकरी की।
इस वक्त उन्हें देश के उत्तरी हिस्से में एक कल्याण शिविर में रखा गया है। थिरूवेक्कदम वेलुपिल्लई की पेंशन फाइल के ब्यौरे के मुताबिक वह एक फरवरी 1943 को सरकारी सेवा में शामिल हुए और 21 जनवरी 1982 को सेवानिवृत हो गए।
पेंशन विभाग के महानिदेशक एच ए तिलकरत्ने ने बुधवार को बताया कि उनकी पहली नियुक्ति सीलोन रेलवे में क्लर्क के पद पर हुई थी।