
वाशिंगटन। अमेरिका में लश्कर-ए-तैयबा से संबंध रखने के आरोप में गिरफ्तार दोनों शख्स के तार अल कायदा से भी जुड़े बताए जा रहे हैं। इनके पास से ऐसे वीडियो बरामद हुए हैं, जिनका इस्तेमाल अल कायदा 'जिहाद' के नाम पर लोगों को बरगलाने के लिए करता है। अमेरिकी संघीय जांच ब्यूरो [एफबीआई] ने यह जानकारी दी है। एफबीआई का यह भी कहना है कि इन दो लोगों की गिरफ्तारी और जांच से संबंधित जानकारी भारत को भी लगातार दी जा रही है।
एफबीआई ने अमेरिकी नागरिक डेविड हेडली और पाकिस्तानी मूल के कनाडाई नागरिक टी. हुसैन राणा को भारत और डेनमार्क में बड़े आतंकी हमले करने की साजिश रचने के आरोप में पिछले महीने गिरफ्तार किया है। अब एफबीआई ने राणा के घर से अल कायदा के दो भड़काऊ वीडियो बरामद किए हैं। इस वीडियो में अल कायदा सरगना ओसामा बिन लादेन और अन्य आतंकवादियों के भड़काऊ भाषण हैं। अल कायदा के मीडिया विंग 'अस सहाब' की ओर से बनाए गए दोनों वीडियो में से एक 'बांबिंग आफ डेनमार्क एम्बेसी' के नाम से है। इसे 48 वर्षीय राणा के शयनकक्ष से बरामद किया गया।
वकीलों की ओर से अदालत में दायर हलफनामे में इस वीडियो के बारे में जानकारी दी गई। वकीलों का कहना है कि वीडियो एक डीवीडी में सहेज कर रखे गए थे और इन्हें 18 अक्टूबर को राणा के घर से बरामद किया गया था।
उधर, अमेरिका ने शनिवार को कहा कि हेडली के बारे में उसने भारत सरकार को जानकारी सौंप दी है और मामले की जांच अभी जारी है। विदेश मंत्रालय के प्रवक्ता इयान केली ने मीडिया को बताया कि हमारे राजदूत ने इस मामले में भारत सरकार को जानकारी दे दी है।
अमेरिका ने हेडली को शिकागो एयरपोर्ट पर उस समय गिरफ्तार किया था जब वह पाकिस्तान जाने की तैयारी में था। वह लश्कर के इशारे पर भारत में हमले की साजिश रच रहा था।