
देहरादून। उत्तराखंड सरकार ने देहरादून में शुक्रवार रात उत्तर प्रदेश निवासी रणवीर सिंह की कथित मुठभेड़ में हुई मृत्यु की मजिस्ट्रेटी जांच के आदेश दे दिए हैं। इस बीच, युवक के परिजनों ने मुठभेड़ को पूरी तरह फर्जी बताते हुए न्याय की मांग की है।
गृह विभाग के प्रधान सचिव सुभाष कुमार ने शनिवार को बताया कि पूरे मामले की मजिस्ट्ेटी जांच के आदेश जारी किए गए हैं। इसकी जांच देहरादून के उपजिलाधिकारी करेंगे।
दूसरी ओर, पुलिस सूत्रों के अनुसार रणवीर सिंह नाम का युवक कल अपराह्न पुलिस के हाथों डालनवाला इलाके में मुठभेड़ के दौरान मारा गया था। सूत्रों ने बताया कि रणवीर सिंह अपने दो अन्य साथियों के साथ मोटरसाइकिल से कहीं जा रहा था तभी राष्ट्रपति प्रतिभा पाटिल की यात्रा के चलते विशेष जांच अभियान के तहत पुलिस गश्ती दल ने उन्हें रोका। जब पुलिस ने उनके मोटरसाइकिल की जांच करनी शुरू की तो तीनों ने पुलिस उपनिरीक्षक जी डी भट्ट के साथ बदसलूकी की और उनकी सरकारी रिवाल्वर छीन कर भागने में कामयाब हो गए।
पुलिस सूत्रों के अनुसार तीनों लाडपुर जंगल की ओर भाग निकले। पीछा कर रही पुलिस ने तीनों को घेर लिया तो एक युवक पुलिस पर गोली चला दी। जवाबी कार्रवाई में रणवीर सिंह मारा गया लेकिन अन्य दो भागने में कामयाब हो गए। पुलिस ने बताया कि रणवीर के पास से एक देसी पिस्तौल भी बरामद की गई है। सूत्रों के अनुसार जब रणवीर सिंह की तलाशी ली गई तो उसकी जेब से ड्राइविंग लाइसेंस मिला जिसके आधार पर उसके परिजन आज देहरादून पहुंचे।
परिजनों ने देहरादून पहुंच कर स्थानीय सरकारी अस्पताल में रणवीर के पोस्टमार्टम के दौरान जमकर हंगामा मचाया। इसके बाद पुलिस ने परिजनों के साथ भी बदसलूकी की। रणवीर के पिता रविन्द्रपाल सिंह ने कहा कि उनका पुत्र पूरी तरह से निर्दोष है और यह मुठभेड फर्जी है। उनके पुत्र की जानबूझ कर हत्या की गई है।
इस बीच, रणवीर के परिजन आज मुख्यमंत्री रमेश पोखरियाल निशंक से मिलने के लिए भाजपा के राज्य मुख्यालय पहुंचे हैं हालांकि अभी तक निशंक से मुलाकात नहीं हो सकी।
रणवीर के चाचा नरेंन्द्र कुमार ने मांग की कि पूरे मामले की निष्पक्ष जांच कराई जाए। रणवीर का शव आज जब अस्पताल पोस्टमार्टम के लिए ले जाया जा रहा था उस समय भावुक हो गए नरेंद्र कुमार और रविन्द्रपाल सिंह की पुलिस के साथ झड़प भी हुई। परिजनों ने कहा कि यदि उन्हें न्याय नहीं मिला तो वे मानवधिकार आयोग और न्यायालय की भी शरण लेंगे।