
गोपालगंज, [जागरण संवाददाता]। बिहार में गोपालगंज का मंडल कारागार रविवार सुबह रणभूमि में उस समय बदल गया, जब पुलिस जेल में बंद कुख्यात अपराधी सुरेश यादव के वार्ड की तलाशी लेने पहुंची। तलाशी से भड़के कैदियों ने पुलिसकर्मियों पर हमला बोल दिया। पुलिस ने बचाव में लाठियां भांजी। झड़प में डीएसपी और एसडीओ समेत दर्जन भर पुलिसकर्मी घायल हो गए। कई कैदियों को भी चोटें आई है। बाद में कैदियों ने सेलों को अंदर से बंद कर जेल प्रशासन के खिलाफ जमकर नारेबाजी की। पुलिस को वार्ड की तलाशी लिए बिना ही जेल से लौटना पड़ा।
रविवार सुबह करीब आठ बजे एसपी केएस अनुपम के निर्देश पर हथुआ के एसडीओ हेमंत नाथ देव तथा डीएसपी जितेन्द्र मिश्र के नेतृत्व में करीब डेढ़ दर्जन पुलिसकर्मी जेल में बंद अपराधी सुरेश यादव के सेल में पहुंचे। पुलिसकर्मियों ने जैसे ही सुरेश यादव की सेल की तलाशी शुरू की तो कैदी भड़क गए। कैदियों ने पुलिस पर पत्थर चलाने शुरू कर दिए। जिसमें डीएसपी जितेंद्र मिश्र, एसडीओ हेमंत नाथ देव, सिपाही विनोद कुमार, कृष्णा राय, विजय कुमार यादव और फूलचन्द्र राम सहित दर्जनभर पुलिस कर्मी घायल हो गए। पुलिस लाठीचार्ज में कैदी सुरेश यादव, मुन्ना साह, श्रीभगवान साह, विजय तिवारी, अजय पांडेय, दिलीप सिंह, वसंत प्रसाद, मुन्ना शर्मा, सूरजभान तथा विमल राय जख्मी हो गए। घायलों को सदर अस्पताल में भर्ती कराया गया। डीएसपी जितेन्द्र कुमार मिश्र ने कैदियों पर लाठीचार्ज करने से इन्कार किया है।