
आगरा। शिवसैनिकों ने बृहस्पतिवार को ताजमहल में प्रवेश कर मुख्य मकबरे के सामने हाथ जोड़े। इससे सनसनी फैल गई।
दरअसल शिवसेना ने पिछले दिनों ताजमहल को ताजमहल शिवमंदिर करार देते हुए श्रावण मास में पूजा-अर्चना करने का एलान किया था। गत सोमवार को शिवसैनिकों ने ताजमहल के पीछे यमुना किनारे ताज कॉरीडोर स्थल पर आरती करने का प्रयास किया था। इसमें विफल रहने के बाद बृहस्पतिवार को उन्होंने नया ड्रामा किया। शाम सवा चार बजे करीब कुछ शिवसैनिक ताज पहुंच गए। उन्होंने बाकायदा टिकट ली और तलाशी देकर अंदर घुसे।
सूत्रों के मुताबिक अंदर प्रवेश करने से पहले शिवसैनिकों ने कुछ मीडिया कर्मियों को ताज में घुस कर शिव की पूजा करने की जानकारी दे दी। इधर अंदर जाने के बाद जैसे ही वे एकत्र हुए सीआईएसएफ अधिकारियों को शक हो गया। शिवसैनिकों ने पर्यटकों की तरह ताज का भ्रमण करने के दौरान मुख्य मकबरे के हाथ जोड़ दिए और लौट आए।
ताज के संरक्षण सहायक आरके दीक्षित ने बताया कि शिवसैनिक ताज में टिकट लेकर पर्यटक के तौर पर घुसे थे और स्मारक में उन्होंने ऐसा कुछ नहीं किया जो आपत्तिजनक हो।
एसएसपी रघुवीर लाल ने बाद में बाकायदा पत्रकार वार्ता में शिवसैनिकों के पूजा-अर्चना करने को भ्रामक प्रचार बताते हुए कहा कि कुछ शिवसैनिक बाकायदा तलाशी, चेकिंग करा टिकट लेकर ताज में गए थे जहां उन्होंने हाथ जोड़ते हुए फोटो कराया और बाहर आ गए। उन्होंने बताया कि इनके द्वारा ऐसा भी कार्य नहीं किया गया, जिसमें गिरफ्तारी करने की जरूरत समझी जा सके।