
रांची [जागरण ब्यूरो]। देश में बढ़ते नक्सलवाद पर चिंता जताते हुए भाजपा के राष्ट्रीय अध्यक्ष राजनाथ सिंह ने नक्सल समस्या से निपटने में केंद्र को नाकाम बताया है। उन्होंने कहा कि नक्सलवाद से निपटने के लिए केंद्र सक्रिय पहल करे तो भाजपा हर सहयोग के लिए तैयार है। रांची में पार्टी की दो दिवसीय कार्यसमिति की बैठक में भाग लेने आए राजनाथ सिंह ने शनिवार को पत्रकारों से यह कहा।
विलंब से आये मानसून के कारण किसानों की बिगड़ती स्थिति पर भी उन्होंने चिंता जताई। झारखंड को सूखाग्रस्त करने की मांग करते हुए उन्होंने हर किसान का फसल बीमा कराने और केंद्र द्वारा गरीब किसानों को प्रीमियम का 75 फीसदी भुगतान करने की वकालत की। उन्होंने कहा कि देश के कृषि मंत्री के पद पर रहते हुए उन्होंने कृषि आमदनी बीमा योजना लागू की थी जिसके दायरे में हर किसान को लाया जाना चाहिए।
उनका मानना है कि देश द्विदलीय व्यवस्था की ओर बढ़ रहा है। लोकसभा चुनाव में अन्य सभी दल बीस के आंकड़े के आस-पास सिमट गए हैं। ऐसा लंबे समय के बाद हुआ है। यह भाजपा के उज्जवल भविष्य का परिचायक है। उन्होंने स्पष्ट किया कि पार्टी में कहीं भी न तो राज्य और ना ही राष्ट्रीय स्तर पर नेतृत्व का संकट है। लालकृष्ण आडवाणी को देश की जनता ने नकारा नहीं है, वरन विपक्ष की महत्वपूर्ण जवाबदेही सौंपी है।
झारखंड में राजनीतिक अस्थिरता के लिए कांग्रेस को दोषी करार देते हुए राजनाथ ने कहा कि गोवा व झारखंड में कांग्रेस ने जनादेश की खिल्ली उड़ाकर अस्थिरता का वातावरण कायम किया। अन्यथा दोनों स्थानों पर भाजपा की सरकार रहती। यहां के राज्यपाल के संबंध में सुप्रीम कोर्ट ने टिप्पणी की है कि संविधान के साथ धोखा किया गया है। उन्होंने तत्काल विधानसभा भंग कर चुनाव कराने की मांग की ताकि कल्याणकारी सरकार का गठन हो सके।