
श्रीनगर। जम्मू और कश्मीर क्रिकेट संघ के अध्यक्ष फारूक अब्दुल्ला ने सेना की क्रिकेट टीम के सुरक्षा कारणों से श्रीनगर आकर रणजी क्रिकेट मैच खेलने से इंकार करने पर निराशा व्यक्त करते हुए कहा है कि सेना के इस फैसले से भारत की छवि खराब होगी और वे इस मामले को प्रधानमंत्री के समक्ष ले जाएंगे।
नाराज अब्दुल्ला ने कहा, 'सेना के इस कदम ने प्रधानमंत्री, रक्षामंत्री और गृहमंत्री के कश्मीर की स्थिति को सामान्य बताने को बेअसर कर दिया। कुछ लोगों के निजी स्वार्थ कश्मीर में स्थिति को सामान्य नहीं होना देना चाहते।' उन्होंने कहा, 'मैं यह मामला भारत सरकार के पास ले जाऊंगा। हम सेना की क्रिकेट टीम का इंतजार कर रहे थे। हम उनका स्वागत करने को तैयार थे। हमें यह जानकर काफी निराशा हुई कि सेना की टीम नहीं आ रही है। यह कदम भारत की छवि खराब करेगा।'
अब्दुल्ला ने कहा, 'भारत सरकार क्या कर रही है। हमें यह पता लगाना होगा कि क्या सेना की टीम को यहां आने से मना किया गया है। यह घटना छोटी नहीं है। यह इससे जुड़ा है कि कश्मीर सामान्य है या नहीं।' उन्होंने कहा, 'सेना का कहना है कि कश्मीर सामान्य नहीं है। वे हमेशा यह कहकर हमें जलाते हैं ताकि वे हमेशा हमारे सर्वेसर्वा बने रहे। सेना की टीम ने प्लेट डिवीजन के मैच में जम्मू और कश्मीर को यह कहकर वाक ओवर दे दिया था कि उसे सुरक्षा कारणों से वहां जाकर खेलने पर हिचक है।' सेना के सहायक कोच जेपी पांडे ने कहा, 'टीम को कहा गया है कि वे जम्मू और कश्मीर के लिए रवाना नहीं हो और अगले मैच की तैयारियां करें।'