
मुंबई। भारतीय क्रिकेट बोर्ड ने संदिग्ध गेंदबाजी एक्शन के लिए 32 खिलाड़ियों को रिहैबिलिटेशन के लिए भेजने के बाद कड़ा रवैया अपनाते हुए अंपायरों से कहा है कि अगर यह गेंदबाज घरेलू मैचों में नियमों का उल्लंघन करते हैं तो इनको चेतावनी दिए बिना चकिंग के लिए रिपोर्ट करें।
संदिग्ध एक्शन वाले 32 गेंदबाजों की सूची मैच रेफरी, अंपायरों के कोच और अपने पैनल के अंपायरों के अलावा मान्यता प्राप्त संघों को देने के बाद बीसीसीआई ने मैच अधिकारियों से कहा, 'अंपायर किसी क्रिकेट संघ या कप्तानों को 'विशेष गेंदबाज को नहीं खिलाने' का सुझाव या निर्देश नहीं दें।' बीसीसीआई के मुख्य प्रशासनिक अधिकारी रत्नाकर शेट्टी द्वारा जारी किए गए दिशानिर्देशों में कहा, 'मैच से पहले की बैठक में मैच रेफरी केवल चेतावनी दें और बांटी गई सूची में शामिल गेंदबाज के खेलने और संदिग्ध एक्शन से गेंदबाजी करने पर एक्शन रीप्ले के बाद इसका नतीजा बताएं।' उन्होंने कहा, 'कप्तान को मैच रेफरी ने मैच से पहले की बैठक में ही चेतावनी दे दी थी इसलिए अंपायर को मैदान पर इन गेंदबाजों को दोबारा चेतावनी देने की जरूरत नहीं है।'
दिशानिर्देशों के मुताबिक, 'अगर संदिग्ध एक्शन वाला खिलाड़ी खेलता है और अंपायरों को लगता है कि वह संदिग्ध एक्शन के साथ गेंदबाजी कर रहा है तो वह नियमों के मुताबिक तुरंत उसे गेंदबाजी से रोक सकते हैं। उसे मैच के दौरान गेंदबाजी की स्वीकृति नहीं मिलनी चाहिए। मैच रेफरी को इस कार्रवाई की जानकारी स्पष्ट तौर पर टीम अधिकारियों को दी जानी चाहिए।' क्रिकेट बोर्ड ने जोर देकर कहा, 'अंपायरों और रेफरी को गेंदबाजों के लिए 15 डिग्री के मानदंड के संदर्भ में या अनूठे एक्शन वाले अंतरराष्ट्रीय गेंदबाज के साथ तुलना के लिए चर्चा को बढ़ावा नहीं देना चाहिए।'
इस सूची में शामिल 12 खिलाड़ी शून्य से 15 डिग्री के बीच कोहनी मोड़ते हैं जबकि पांच 15 से 20 डिग्री के बीच और 15 बीस डिग्री से अधिक मोड़ते हैं। पंद्रह डिग्री से अधिक कोहनी मोड़ने के लिए जो खिलाड़ी बेंगलूर की राष्ट्रीय क्रिकेट अकादमी में रिहैबिलिटेशन से गुजर चुके हैं उनमें चार केरल क्रिकेट संघ जबकि बाकी त्रिपुरा [तीन], महाराष्ट्र [दो], बंगाल [दो], असम [दो], बड़ौदा [दो], गुजरात [दो], हैदराबाद [एक], विदर्भ [एक] और जम्मू एवं कश्मीर [एक] के हैं।
दिशानिर्देशों के मुताबिक से सभी चकर साबित हो चुके हैं क्योंकि रिहैबिलिटेशन के दौरान इन 20 खिलाड़ियों के एक्शन में सुधार नहीं हो पाया। इसमें उन 10 गेंदबाजों की सूची भी शामिल है जिन्हें इस सत्र में जूनियर और सीनियर टूर्नामेंट में चकिंग के लिए रिपोर्ट किया गया।
सूची इस प्रकार है:
मोहनीश परमार, अमित सिंह [दोनों गुजरात], सागर सावंत [महाराष्ट्र का अंडर 19 क्रिकेटर], मोहम्मद नोर्मन [उत्तर प्रदेश], योगेश नागर [दिल्ली], रोहन थापा [बड़ौदा], सैयद जाकी [उड़ीसा], अंकुर जुंद [पंजाब], वोभोर बिसन [विदर्भ], देबबक्त जामता [त्रिपुरा] और आरलेन कंवर [असम]।