नई दिल्ली। विश्व चैंपियन एम सी मैरीकाम समेत देश के कई महिला मुक्केबाजों की ट्रेनिंग के दौरान खराब सुविधाओं की आलोचना पर संज्ञान लेते हुए खेल मंत्री एम एस गिल ने हिसार स्थित साई केंद्र से रिपोर्ट मांगी है। खेल मंत्री ने आश्वासन दिया है कि मुक्केबाजों की शिकायतों को जल्द खत्म किया जाएगा जिससे भविष्य में खिलाड़ियों को ट्रेनिंग शिविर के दौरान बेहतरीन सुविधाएं मिल सके।
लगातार चार बार विश्व कप में स्वर्ण पदक विजेता मैरीकाम के भारतीय खेल प्राधिकरण [साई] के हिसार केंद्र पर ट्रेनिंग की खराब सुविधाओं की शिकायत के एक दिन बाद गिल ने मंगलवार को साई के महानिदेशक सायन चटर्जी से रिपोर्ट मांगी है कि किस तरह से शिविर के हालातों को बेहतर बनाया जाए। गिल ने कहा, 'मैंने पढ़ा है कि उन्हें हिसार में शिविर में समस्या हुई थी जहां भयंकर गर्मी पड़ती है। मैं इस मुद्दे को देखूंगा। साई के महानिदेशक तीन दिवसीय दौरे पर जा रहे हैं। 10 दिन के भीतर वह अपनी रिपोर्ट सौंप देंगे और देखते हैं कि वह इसे किस तरह से ठीक कर सकते है।'
उन्होंने कहा, 'उन्हें अभ्यास के लिए बेहतर सुविधाएं और अनुकूल मौसम चाहिए।' गिल ने विश्व चैंपियनशिप में चार बार की स्वर्ण पदक धारी मैरीकाम और कांस्य पदक जीतने वाले एल सरिता देवी को अपने घर पर बुलाया था। गिल ने कहा, 'मुक्केबाजी एक भारतीय खेल की तरह नहीं है लेकिन मैं लड़कियों के इस खेल में बढ़ोतरी से प्रभावित हूं कि वे लिंग भेद और अन्य समस्याओं के बावजूद ऐसा कर रही हैं।' उन्होंने जोर देते हुए कहा, 'मैं देश में फुटबाल, वालीबाल और मुक्केबाजी जैसे खेलों के लिए परिस्थितियां सुधारने के लिए कड़ी मशक्कत कर रहे हैं क्योंकि ये खेल क्रिकेट के दबदबे में पैर पसारने में जूझ रहे हैं। क्रिकेट अपनी देखभाल खुद कर सकता है। उन्हें मुझसे किसी भी चीज की जरूरत नहीं है। सरकार की नीति ऐसे खेलों को बढ़ावा देना है जो महंगे नहीं हैं। इन्हें इतना सस्ता होना चाहिए कि हर कोई इन्हें वहन कर सकें और किसी भी सतह पर खेल सके जैसे फुटबाल, वालीबाल, बास्केटबाल, एथलेटिक्स और मुक्केबाजी।'