मकर सन् 2009
विघ्न-बाधा का सामना करना पडेगा। प्रत्येक कार्य पूरी सावधानी के साथ करें। वाहन चलाते समय सतर्क रहें। नीलम अथवा उसका उपरत्न जामुनिया (एमीथिस्ट) मध्यमा अंगुली में धारण करने से तथा कौओं को नित्य कुछ खिलाने से शनिकृत अरिष्ट का शमन होगा। देवगुरु बृहस्पति सही निर्णय लेने में मदद करेंगे। मस्तक पर केसर का तिलक लगायें। राहु-केतु की प्रतिकूलता समस्यायें बढा सकती है। भैरवनाथ की उपासना करें और मृत्युंजय मंत्र जपें। क्रोध-आवेश में कोई निर्णय न लें।